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| श्रमदान करते ग्रामीण |
angara(ranchi) चतरा पंचायत में ढ़ेलुवा खूंटा से बूढ़ीबेड़ा तक जर्जर तीन किमी लंबी सड़क का मंगलवार को ग्रामीणों ने श्रमदान कर मरम्मत किया। करीब दो दशक से यह रोड जर्जर बना हुआ है। दो दशक पूर्व इस रोड को ग्रेड वन बनाया गया था। वर्तमान समय में रोड में नुकीले पत्थर निकल आया है। बड़े-बड़े गडढे हो गया है। बाइक तो दूर इसपर पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। श्रमदान का नेतृत्व बुढ़ीबेड़ा के ग्रामप्रधान मोहन उरांव व चतरा के ग्रामप्रधान किष्टो कुजूर ने किया। मोहन उरांव ने बताया कि प्रतिदिन इस रोड में दुर्घटना होते रहती है। इस रोड से होकर प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में दिहाड़ी मजदूर, स्कूली बच्चें, मरीज सहित अन्य का आना-जाना है। मोहन उरांव ने बताया कि दो दिन पूर्व ही गांव में श्रमदान से सड़क मरम्मत कराने की मुनादी पिटवा दी गई थी। जो श्रमदान नही कर सके इन्होंने आर्थिक मदद दिया। एक सौ से अधिक की संख्या में ग्रामीण महिला-पुरूषों ने मिलकर श्रमदान किया और शाम तक चलने लायक रोड को मरम्मत कर दिया गया। आवश्यकता के अनुसार मिटटी, मोरम, बोल्डर आदि गिराया गया। एक जेसीबी मशीन व ट्रेक्टर लगातार गडढे को समतल करते जा रही थी। किष्टो कुजूर ने बताया कि रोड निर्माण को लेकर अनेकों बार स्थानीय सांसद, विधायक सहित अन्य जनप्रतिनिधि से मिला। आधिकारियों को आवेदन देते देते थक गया लेकिन रोड नही बना। शाम में सभी ने सामूहिक भोजन किया। श्रमदान करने वालों में जोवाकिम कच्छप, रफेल एक्का, कमल मुंडा, सोहरैया महतो, विजय तिर्की, पूरन लोहरा, कैलाश मुंडा, मार्शल तिर्की, दिनेश मुंडा, जुयल टूटी, चैतन मुंडा, नवीन लिंडा, अरुश तिर्की, मनुवेल तिर्की, रमेश मुंडा, बाबूलाल लोहरा, विमल मुंडा, हुस्ना कुजूर, जमुनी उरांव, शांति मुंडा, झुबल टोप्पो, अंकिता मुंडा, एलीसबा लकड़ा, मोनिका कुजूर, पार्वती कुजूर, मारगेट हेंब्रोम, करमी देवी सहित अन्य शामिल थे।
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