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| पिता और छोटे भाई के साथ राजीव (बाईं ओर)। |
पिता बोले- तुरंत हुई थी बात, सबकुछ सामान्य था
राजीव के पिता अशोक कुमार महतो किसान हैं। घटना के बाद से वे बदहवास हैं। रोते हुए उन्होंने बताया कि मेरी पत्नी विनीता महतो प्रोजेक्ट बालिका उच्च विद्यालय में प्रधानाध्यापिका हैं। वह स्कूल के पास ही मेघनाथ महतो के घर में दोनों बेटों के साथ किराए पर रहती हैं। शनिवार शाम करीब साढ़े पांच बजे मां और दोनों बेटों ने साथ मिलकर चाऊमीन बनाई और खाई। इसके बाद बेटों ने मां (विनीता) के मोबाइल से मेरा फोन रिचार्ज किया। उसके कहा कि उनके फोन का भी रिचार्ज खत्म हो गया है। मैंने कहा कि कल रिचार्ज कर दूंगा। इतनी बात होने के तुरंत बाद राजीव कमरे में गया और दोनों दरवाजे को अंदर से बंद कर लिया। जब तक कोई कुछ समझ पाता, तब तक बहुत देर हो चुकी थी। राजीव स्वभाव से बेहद शालीन था। हमारे या किसी रिश्तेदार के समझ में नहीं आ रहा कि उसने ऐसा कदम क्यों उठाया।
पढ़ाई और खेलकूद में काफी तेज था राजीव, दो दिन पहले ही प्रतियोगिता में भाग लेने गया था धनबाद
मूल रूप से बंता हजाम पंचायत के गाड़ी हलमाद (श्याम नगर) निवासी अशोक कुमार महतो के ज्येष्ठ पुत्र राजीव रंजन महतो पढ़ाई में काफी होनहार था। वह हमेशा कक्षा में अच्छे अंक के साथ पास करता था। स्कूल की हर खेलकूद व सांस्कृतिक प्रतियोगिता में हिस्सा लेता था। दो दिन पहले ही वह स्कूल की तरफ से एक प्रतियोगिता में शामिल होने धनबाद गया था। हंसमुख और शांत स्वभाव वाले राजीव के अचानक इस खौफनाक कदम से पूरे इलाके और स्कूल प्रबंधन में शोक की लहर है। मां विनीता महतो और पिता का रो-रोकर बुरा हाल है।

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