![]() |
| पेयजल संकट को लेकर बैठक करते अधिकारी व पंचायत प्रतिनिधि |
दो साल बाद भी लाभुकों को मिल रहा आंशिक लाभ
लेकिन दो साल बीत जाने के बावजूद इस योजना का लाभ आंशिक ग्रामीणों को ही मिल रहा है। अधिकांश आबादी अभी भी इस लाभ से वंचित है। मुख्य पाइपलाइन तो सभी पंचायतों में बिछा दिया गया। लेकिन पेयजल नल का प्वाइंट अधिकांश घरों में नही किया गया है। इससे बड़ी आबादी तक पेयजल आपूर्ति नही हो पा रही है।
27 अक्टूबर को बंद कराया था गेतलसूद डैम से पानी की आपूर्ति
विभाग की इसी अनियमितता के खिलाफ 27 अक्टूबर को गेतलसूद के उपमुखिया शंकर बैठा ने गेतलसूद डैम से होनेवाली पेयजल आपूर्ति को बंद करा दिया था। इसी संदर्भ में आज बैठक हुई। बैठक में निर्णय हुआ कि पाइप लाइन बिछाने के दौरान डैमेज हुए रोड व अन्य पक्का निर्माण को विभाग दुरूस्त करेगा, सभी छह पंचायतों में वार्ड स्तर पर वंचितों की सूची बनाकर उसे कनेक्शन से आच्छादित किया जाएगा, जिस घर में कनेक्शन होने के बावजूद पेयजल आपूर्ति नही हो रही है उसे ठीक करके पेयजल आपूर्ति को सुचारू की जाएगी, गेतलसूद के कोलोनी नंबर एक में दो दिनों के अंदर सभी वंचितों को कनेक्शन दिया जाएगा व घटिया स्तर के कनेक्शन पाइप को बदला जाएगा।
पंचायतों से एनओसी मिलते ही शुरू की जाएगी पेयजल आपूर्ति: एसडीओ
एसडीओ भूपेन्द्र सिंह ने बताया कि पंचायतों से एनओसी मिलते ही पेयजल आपूर्ति शुरू कर दी जाएगी। शंकर बैठा ने बताया कि कनेक्शन देने में अनावश्यक रूप से विलंब हुआ तो फिर से गेतलसूद डैम से होनेवाली पेयजल सप्लाई को बंद किया जाएगा।

एक टिप्पणी भेजें
please do not enter any spam link in the comment box.